Breaking News

अब मंदसौर में उतरेगा 40 से 80 सीटर विमान

Hello MDS Android App

नवनिर्मित हवाई पट्टी तैयार होने के साथ ही केंद्र सरकार की क्षेत्रीय हवाई कनेक्टिविटी योजना में मंदसौर के शामिल होने से यहां जल्द ही छोटे हवाई जहाजों के आने-जाने की उम्मीदे बंधी है। दो-तीन दिन पहले एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के असिस्टेंट जनरल मैनेजर शिवचरण मीणा जो इंदौर में देवी अहिल्याबाई होलकर एयरपोर्ट पर पदस्थ हैं, 3 तकनीकी अधिकारियों के दल के साथ मंदसौर आए थे। लोनिवि के कार्यपालन यंत्री एसके बंसल के साथ उन्होंने पूरी हवाई पट्टी का निरीक्षण किया। रनवे की लंबाई 2 किमी व चौड़ाई 100 फीट को उन्होंने पर्याप्त बताया। साथ ही यह भी देखा कि आसपास और जमीन की आवश्यकता तो नहीं है। इसके साथ ही वे कलेक्टर स्वतंत्र कुमार सिंह से भी मिले और कहा कि यहां चारों तरफ बाउंड्रीवॉल, वेटिंग हॉल व वीआईपी लाउंज का निर्माण कब होगा। इस पर कलेक्टर ने कहा कि प्रदेश सरकार को 4.5 करोड़ रुपए का प्रस्ताव भेज रखा है।

छोटे विमानों के लिए पर्याप्त जगह
मीणा ने बताया कि मंदसौर में बनी हवाई पट्टी पर 40 से 80 सीटर विमान तो काफी आसानी से उतर सकते हैं। इमरजेंसी में यहां 100 से 200 सीटर विमान भी उतारे जा सकते हैं। इसके अलावा हवाई पट्टी के लिए चुनी हुई जगह को भी बेहतर बताया।

अब लोगों में होगा सर्वे
हवाई पट्टी के निरीक्षण के बाद अगले चरण में एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया मंदसौर सहित आसपास के क्षेत्र में सर्वे कराएगा। व्यापारियों, अधिकारी, उद्योगपतियों व अन्य लोगों से बातचीत की जाएगी कि यहां हवाई सेवाएं शुरू होने पर प्रतिदिन कितने लोग आएंगे-जाएंगे। इसके अलावा लोगों को किस शहर की हवाई कनेक्टिविटी की ज्यादा जरूरत है। यही सारी बाते सर्वे में होंगी। इसके बाद यहां हवाई सेवाएं शुरू करने पर विचार होगा।

रीजनल एयर कनेक्टिविटी में मप्र के पांच शहर
केंद्र सरकार ने देशभर में रीजनल एयर कनेक्टिविटी के तहत कार्य शुरू किया है। इसमें प्रथम चरण में मप्र में रीवा, सागर, छिंदवाड़ा, ग्वालियर, मंदसौर को शामिल किया गया है। इनमें चार शहर मप्र के सीमावर्ती क्षेत्रों में हैं। सरकार यहां से लोगों को पास के बड़े एयरपोर्ट तक कनेक्टिविटी देना चाहती है। इसी के तहत इंदौर से मीणा सहित अधिकारियों का दल मंदसौर आया था।

रिकॉर्ड समय में तैयार हुई है हवाई पट्टी
बायपास से सटे नौलखा बीड़ पर हवाई पट्टी का निर्माण रिकॉर्ड समय में हुआ है। राज्य शासन ने हवाई पट्टी के लिए 14.91 करोड़ की स्वीकृति दी थी। इसमें 3.56 करोड़ रुपए यहां से गुजर रही हाईटेंशन लाइन को शिफ्ट कराने के लिए मप्र पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी को दिए थे। उदयपुर की ठेकेदार कंपनी ने 11 करोड़ की हवाई पट्टी को लगभग 11 माह में बनाकर तैयार कर दिया है। 2 किमी लंबाई और 100 फीट चौड़ाई वाली हवाई पट्टी पर अब छुटपुट कार्य ही बचे हैं।

अब 4.5 करोड़ का भेजा प्रस्ताव
हवाई पट्टी पर अब वीआईपी लाउंज, वेटिंग रूम व बाउंड्रीवॉल के लिए प्रशासन ने 4.5 करोड़ का प्रपोजल भेजा है। लोक निर्माण विभाग के इस प्रस्ताव को एविएशन विभाग पास करेगा। विधायक यशपालसिंह सिसौदिया भी संभवतः 6 दिसंबर को भोपाल में विभाग के प्रमुख सचिव इकबालसिंह बेस से मुलाकात करेंगे।

रीजनल एयर कनेक्टिविटी से जुड़ेगा
सरकार की रीजनल एयर कनेक्टिविटी से मंदसौर को जोड़ने का सर्वे करने एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अधिकारी आए थे। उन्होंने सारी चीजें अच्छी बताई हैं साथ ही बाउंड्रीवॉल, वेटिंग रूम व अन्य निर्माण जल्द करने को कहा है। -स्वतंत्र कुमार सिंह, कलेक्टर

आज करेंगे मुलाकात
हवाई पट्टी के लिए 4.5 करोड़ का प्रस्ताव राज्य शासन के पास भेजा गया है। उसे लेकर 6 दिसंबर को विभाग के प्रमुख सचिव इकबालसिंह बेस से मुलाकात करेंगे और जल्द ही इसे पास करने को कहेंगे। मंदसौर के लिए यह बड़ी सौगात होगी कि वह रीजनल एयर कनेक्टिविटी से जुड़ेगा। -यशपालसिंह सिसौदिया, विधायक

About The Author

I am Brajesh Arya

Related posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *