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करनी इंटरनेशनल स्कूल की बसें उडा रही है नियमों की धज्जियॉ : कहीं रैयान स्कूल जैसी घटना न घटित हो जाये मंदसौर में

मंदसौर निप्र। निजी स्कूलों द्वारा नियमों की धज्जियॉ उड़ाना क्यों नई बात नहीं है। लेकिन आवश्यक चीजों में नियमों का पालन नहीं करने में भी ये निजी स्कूल पीछे नहीं रहते है। हाल ही में देश के नामचीन शैक्षणिक संस्थाओं में अपना नाम दर्ज करवाने वाले रैयान इंटरनेशनल स्कूल के बस कंडक्टर ने स्कूल के ही छात्र की बेरहमी से हत्या कर दी लेकिन इन सबके बावजूद भी मंदसौर के निजी स्कूल सबक नहीं लेना चाहते।

नगर के इंटरनेशनल स्कूल का दावा करने वाला करनी इंटरनेशनल स्कूल की बस पर न तो गाडी नम्बर लिखा हुआ है न स्कूल का नाम और नहीं तेजगति से स्कूली बस की शिकायत करने पर कोई नम्बर लिखा है। आकास्मिक स्थिति के लिये भी स्कूली बस पर नम्बर अंकित हांेना अनिवार्य है लेकिन करनी इंटरनेशनल स्कूल की बस पर किसी भी प्रकार का कोई नम्बर ही नहीं लिखा है।

सूनसान इलाकों से निकलती है बसें
नगर में कई स्कूली बसें है और लगभग सभी पीले रंग की है बिना गाडी नॅॅम्बर के या नाम के पहचाना मुश्किल है कि कौन सी बस कौन से स्कूल की है। यह स्कूली बसें कई सुनसान वाले क्षेत्रो में से होकर भी जाती है। कभी भी कोई घटना घटित हो सकती है। ऐसे मेें कोई सूचना भी देना चाहे तो कैसे दे।

ड्रायवर, कंडक्टर के पास नहीं थे स्कूल के नम्बर, साथ ही नहीं था कोई शिक्षक
करनी इंटरनेशनल की स्कूल बस को चला रहे ड्रायवर व कंडक्टर के पास स्कूल संचालक के नम्बर भी नहीं थे और साथ ही बसे में कोई स्कूल का शिक्षक भी नहीं था। जबकि बस में 30 से 35 छोटे स्कूली बच्चे सवार थे।

नहीं मानते नियमों को
स्कूली बस में सीसीटीवी कैमरे व एक महिला परिचायक जैसे नियम भी है लेकिन जो स्कूल बस पर गाड़ी नॅम्बर व अपने स्कूल का नाम तक नहीं लिखवाता हो उससे ऐसे नियमों का पालन करने की उम्मीद भी नहीं कि जा सकती है। इस संबंध मंे स्कूल संचालक का कहना है कि बस नई खरीदी गई है इस कारण उस पर नम्बर अंकित नहीं किये जा सके है हम शिघ्र ही बस पर नाम व नम्बर अंकित कर देगे।

यह कहना है आरटीओ का
इस मामले में जब आरटीओ रंजना भदौरिया से सम्पर्क किया गया तो उनका कहना था कि जब कोई भी नया वाहन लिया जाता है तो उसे शोरूम से ही टेम्प्रेरी नम्बर अलॉट मिल जाता है जिसे गाडी पर लिखना होता है और हमारे यहॉ आवेदन करते ही ज्यादा से ज्यादा 7 व कम से कम 2 दिन मे परमानेन्ट नम्बर दे दिया जाता है।

करनी इंटरनेशनल स्कूल की बस बिना नंबर के दौड़ रही है सड़कों पर …

करनी इंटरनेशनल स्कूल की बस बिना नंबर के दौड़ रही है सड़कों पर नियमों की हो रही है अवहेलना

Posted by Hello Mandsaur.Com on Monday, September 11, 2017

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