Breaking News

गांधी चौराहे से पशुपतिनाथ मंदिर तक हुआ शिवना सेवा यात्रा का आयोजन

मंदसौर। मां शिवना सौंदर्यीकरण एवं संरक्षण अभियान में एक अगली कड़ी के रुप में सुबह गांधी चौराहे से पशुपतिनाथ मंदिर तक एक भव्य यात्रा का आयोजन किया गया। जिसमें शहर के आम नागरिकों के साथ-साथ प्रशासनिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सहभागिता की। यह यात्रा सुबह 7रू30 बजे गांधी चौराहे से प्रारंभ होकर सुबह 8.30 बजे पशुपतिनाथ मंदिर पहुंची। इस यात्रा में कलेक्टर श्री ओम प्रकाश श्रीवास्तव, मंदसौर विधायक श्री यशपाल सिंह सिसोदिया, सभी विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी, जिले के आम नागरिक यात्रा में शामिल हुए। यात्रा के पश्चात 1 घंटे तक सभी के द्वारा शिवना सौंदर्यीकरण एवं संरक्षण में परिश्रम किया गया तथा सभी ने स्वचच्छता की शपथ ली।

इस अवसर पर विधायक सिसोदिया ने कहा कि यह हम सभी का सौभाग्य है कि हम सभी को मां शिवना जैसी जीवनदायिनी नदी प्राप्त हुई, इसी नदी के किनारे भगवान पशुपतिनाथ अष्टमुखी की दिव्य प्रतिमा का दर्शन करने का अवसर हम सबको मिला है। शिवना नदी का सौन्दर्यीकरण एवं संरक्षण करने का बेडा एवं अभियान हम सभी लोगों ने मिलकर चलाया

व्यक्ति को कर्म के साथ-साथ विश्राम पर भी ध्यान देना चाहिए – श्री शंकराचार्य महराज
श्री पशुपतिनाथ मन्दिर प्रबन्ध समिति द्वारा लिए गए निर्णय के परिप्रेक्ष्य में विद्वत विभूतियों की शिवतत्त्व पर व्याख्यान माला प्रारम्भ की गई। इस श्रृंखला की प्रथम कड़ी के रूप में भानपुरा पीठ के शंकराचार्य जगद्गुरु 1008 श्री दिव्यानन्द जी तीर्थ महाराज का व्याख्यान आज पशुपतिनाथ मंदिर सभागार में हुआ। पूज्य शंकराचार्य जी के आगमन पर पुष्पहारो से स्वागत विधायक यशपालसिंह सिसोदिया, मन्दिर प्रबन्ध समिति के पदेन अध्यक्ष ओमप्रकाश श्रीवास्तव, सचिव एसडीएम शिवलाल शाक्य, सदस्यगण पण्डित अरुण शर्मा, सुशील गुप्ता, प्रहलाद काबरा आदि ने किया। समिति की ओर से स्वामीजी को शाल श्री फल भेंट कर सम्मान भी किया गया।

इसके पश्चात जगतगुरु शंकराचार्य जी महाराज जी ने पशुपतिनाथ मंदिर में दर्शन किये तथा व्याख्यान सभाग्रह में सुबह 10 बजे से जगतगुरु शंकराचार्य जी महाराज का व्याख्यान प्रारंभ हुआ व्याख्यान में जिले के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

व्याखख्या न में संत श्री 1008 श्री जगतगुरु शंकराचार्य दिव्यानंद जी महाराज ने कहा कि सृष्टि का कल्याण शिव ही करते हैं। जीवन का सत्य मुक्ति है और शिव ही मुक्ति देते है। असत्य से सत्य की ओर जाना, अंधकार से प्रकाश की ओर जाना और मृत्यु से अमरता की को प्राप्त करना ही शिव तत्व है। मनुष्य जीवन अति दुर्लभ है शिवतत्व ही जीवन की सार्थकता है। जीवन बन्धन है, मृत्यु मुक्ति है, यही शिवतत्त्व है।

जगतगुरु शंकराचार्य जी महाराज ने कहा कि ऋग्वेद में कहा गया है कि सत्य तो एक ही है सत्य दो नहीं हो सकते। भारत एक ऐसा देश है जिसने शिव तत्वे को समझा है, शिव तत्व को समझकर विश्व के सामने प्रस्तुत करने वाला देश भारत है। भारत ने विश्व को प्राकृतिक सौंदर्य प्रदान किया। भारत ही एक ऐसा देश है जहा पर दर्शन का जन्म हुआ। भारत में दार्शनिक राजा भी हुए और इन दर्शन के आधार पर ही भारत में चार वेदों का रचना हुई और इन वेदों का ज्ञान विश्व को कराया। उन्होंने बताया कि व्यक्ति के अंदर 9 गुण होते हैं जिसमें तीन गुण सत, रज एवं तप प्रमुख होते हैं। इन तीनों गुणों से मिलकर ही 9 गुणों का विकास होता है।

इस अवसर पर कलेक्टर श्रीवास्तव ने कहा कि हम सभी का सौभाग्य है कि हमारे बीच आदि गुरु शंकराचार्य जी महाराज आए और व्याख्यान दे रहे हैं। उनकी कृपा एवं आशीर्वाद हम सभी पर हमेशा बनी रहे। उन्होंने कहा कि मंदिर हमेशा से ही अध्यात्म के केंद्र रहे हैं और हमेशा संकट के समय संतों का सानिध्य प्राप्त होता रहा है।

इस अवसर पर वैश्य समाज की ओर से शिवना सफाई अभियान के लिए 15 हजार रु सहयोग राशि पूज्य श्री के हाथों जन अभियान परिषद को सौंपी गई, वैश्य समाज के जिला प्रभारी, नरेंद्र अग्रवाल, प्रहलाद काबरा ने राशि प्रदान की।

About The Author

I am Brajesh Arya

Related posts