Breaking News

रात को हुई जोरदार बारिश – घरों में घुसा पानी, बाढ़ जैसे हालात

मौसम पूर्वानुमान आज और कल भी हो सकती है जोरदार बारिश : प्रशासन ने कमर कसी

5 घंटे में 5 इंच बारिश ने मचाई तबाही

चारों ओर पानी ही पानी, बहने से मां, बेटी की मौत

शिवना ने किया पशुपति का जलाभिषेक

मंदसौर। मंगलवार की रात लगभग 11 बजे प्रारंभ हुई बारिश ने 12.15 बजे रौद्र रूप धारण कर लिया। 5 घंटे में मंदसौर नगर सहित आस पास के क्षेत्रों में 5 इंच बारिश हो गई। भारी बारिश के बाद मंदसौर और मल्हारगढ़ तहसील के कई गांव डूब गए हैं। जिला मुख्यालय के पास स्थित ग्राम हैदरवास तो पूरी तरह से डूब गया जहां पर कई लोगों को रैस्क्यू किया गया। भारी बारिश के चलते चार लोग बह गए हैं, जबकि जलमग्न हुए गांव में फंसे 3500 से ज्यादा लोगों को एनडीआरएफ की टीम ने निकालकर राहत कैंपों में पहुंचाया है। वहीं शिक्षक नगर स्थित एक प्रोफेसर की पत्नी और बच्ची पुलिया धंसने से पानी में बह गए। रेस्क्यू करने के बाद पत्नी का शव कुछ देर बात गोताखोरो ने ढूंढ निकाला वहीं उसके बाद बच्ची की लाश भी मिली। तमाम बुरी खबरों के बीच क्षेत्रवासियों को अच्छी खबर यही रही कि मॉॅ शिवना नदी ने भगवान आशुतोष पशुपतिनाथ का जलाभिषेक कर दिया।

देर रात मंदसौर और मल्हारगढ़ तहसील में ऐसा लग रहा था मानो कि बादल फट गए हों। कुछ ही घंटों की बारिश ने दर्जनों गांवों को जलमग्न कर दिया और लोग पानी में डूबने लगे। तेज बारिश के बाद प्रशासन और एनडीआरएफ की टीम लोगों को राहत शिविर में पहुंचाने लगी। 5 इंच से ज्यादा बारिश से गांव बादरी, काचरिया चंद्रावत, गुजरदा, बाजखेड़ी, जूना हेडा, हेदरवास जलमग्न जलमग्न हो गए हैं। वहीं शिवना नदी के उफान पर आने से पशुपति नाथ मंदिर में भी चार से पांच फीट पानी घुस गया है। अमलावद गांव स्थित पुलिस में एक युवक उफान में बह गया, जिसकी तलाश की जा रही है।

शहर में रात में दो घंटे में हुई पांच इंच बरसात, शहर के कई हिस्से हुए जलमग्न। यश नगर क्षेत्र में विधायक यशपालसिंह सिसोदिया के निवास पर भी पानी घुसा। बुगलिया नाले का पानी ग्राम हेदरवास में घुस गया। काला भाटा बांध का एक गेट खोला गया है, पानी लगातार तेजी से बढ़ रहा है। धानमंडी सहित शहर की सड़कें फिर लबालब हो गई हैं। अधिक बारिश से मंदसौर सीतामऊ रोड पर दस से बारह मकानों में पानी घुस गया है। गीताभवन अंडर ब्रिज में 5 फीट पानी भरा है। अभिनंदन मेन रोड पर भी पानी भरा है।

थाना पिपलियामंडी के ग्राम थडोद नई आबादी क्षेत्र में घरों में पानी घुसने के चलते लोग अपने परिवार के साथ छतों पर जाकर बैठ गए। सूचना मिलने पर पिपलियामंडी पुलिस मौके पर पहुंची, क्षेत्र के रहवासियों की मदद की जा रही है। पिपलियामंडी नगर में जिन कस्बों में बारिश का पानी घर-दुकानों में घुसा के उनके परिवार वालों को सचेत किया जा रहा है। काका गाडगिल सागर के 6 गेट रेतम बैराज के 10 गेट 0.5 मीटर तक खोले जा रहे हैं। ग्राम बादरी में पांच मकान गिर गए है और चार भैसों की मौत हो गई है।

गलियारा व चिकला के बीच बनी पुल पर पानी अत्यधिक होने के कारण आवागमन बंद हो चुका है। तेज बहाव के कारण पुलिया का कुछ हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हुआ है। जलभराव क्षेत्रों में लगातार कलेक्टर व एसपी द्वारा भ्रमण किया जा रहा है। लोगों को वहां से निकालकर उचित जगह पर पहुंचाया जा रहा है। उनको राहत सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है। बचाव कार्य के लिए कलेक्टर द्वारा तहसीलदार नारायण नांदेडा, नायब तहसीलदार वैभव बैरागी, मल्हारगढ़ तहसीलदार, एसडीएम की टीम को राहत कार्य के लिए लगाया गया है।

सुवासरा रेल अंडरपास में नाला लबालब होने से सुवासरा चौपाटी से पर प्रशासन द्वारा बैरीकेड्स लगा दिए गए। नाहरगढ थाना क्षेत्र के भूखी गांव में भी नाले का पानी घुसा है। लुनाहेड़ा गांव के कई घरों में पानी घुसा है। मल्हारगढ तहसील के गांव बैलारा ओर देवरी के बीच का तालाब टूट गया है। बापूलाल पिता मोतीलाल धाकड़ निवासी बडवन नाले में बहने की सूचना है।

मंदसौर में 3 राहत शिविर कैंप लगाए गए

मंदसौर तहसील में आम लोगों के लिए 3 राहत शिविर कैंप लगाए गए हैं। इन शिविरों में 2000 से 2500 के आसपास लोग ठहरे हुए हैं। यह शिविर पशुपतिनाथ मंदिर परिसर, धोबी समाज धर्मशाला एवं यश नगर में लगाए गए हैं। जो राहत कैंप ठहरे हुए हैं। उनके लिए भोजन की व्यवस्था प्रशासन के द्वारा की जा रही है।

उनको सभी आधारभूत सुविधाएं मुहैया करवाई जा रही है। अब तक तहसील में चार लोगों के बहने की सूचना थी। जिसमें से एक को जीवित बचा लिया गया है। एक की लाश मिली है एवं दो व्यक्ति का अभी तक पता नहीं चला है। मंदसौर तहसील में पूरी स्थिति नियंत्रण में है। प्रशासन के द्वारा सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था की जा रही हैं।

मंदसौर में करीब 2500 से ज्यादा को राहत शिविर में भेजा

भारी बारिश के बाद डूब प्रभावितों के लिए 3 राहत शिविर कैंप लगाए गए हैं, जिनमें 2500 से ज्यादा लोगों को ठहराकर उनके लिए मूलभूत सुविधाओं का इंतजाम किया गया है। मंदसौर में पशुपतिनाथ मंदिर परिसर, धोबी समाज धर्मशाला और यश नगर में राहत शिविर लगाए गए हैं। अब तक चार लोगों के बहने की सूचना मिली है, जिसमें से एक को बचा लिया गया, वहीं दो लापता और एक की लाश मिली है।

निचली बस्तियों में घुसा बारिश का पानी

बारिश का पानी नगर की कई निचली बस्तियों और कॉलोनियों में भी घुस गया था। नगर के धानमंडी और खानपुरा क्षेत्र की अशोक नगर, राजीव नगर , शनि विहार सहित कई कॉलोनियों में बारिश का पानी भर गया। कई स्थानों पर तो चार से पांच फीट तक पानी जमा हो गया था। जिससे वहां रहने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

पशुपतिनाथ का शिवना ने किया जलाभिषेक, स्कूलों की छुट्टी

रातभर हुई तेज बारिश के बाद शिवना नदी का जल स्तर अचानक बढ़ गया और इसका पानी पशुपतिनाथ मंदिर के गर्भगृह तक जा पहुंचा, जहां शिवना ने भोलेनाथ का जलाभिषेक किया। इस सीजन में यह दूसरी बार है जब पानी गर्भगृह तक पहुंचा है। तेज बारिश के बाद कलेक्टर मनोज पुष्प ने मंदसौर जिले के मल्हारगढ़ और मंदसौर तहसील के स्कूलों की बुधवार को छुट्टी घोषित कर दी।

उफने नाले को पार करते समय बहा युवक

तेज बारिश के बाद यश नगर स्थित विधायक यशपालसिंह सिसोदिया के निवास के पास का नाला भी पूरे उफान पर आ गया नाले का पानी विधायक श्री सिसौदिया के घर तक पहुंच गया था। वहीं गीताभवन अंडर ब्रिज में भी कमर तक पानी जमा हो गया। ग्राम थडोद नई आबादी क्षेत्र में लोग छतों पर चढ़कर पानी से बचे। ग्राम बादरी में चार भैंसों की मौत हो गई, जबकि पांच मकान गिर गए।

विधायक यशपालसिंह सिसोदिया जी के घर के पास यश नगर की पुलिया के ऊपर से निकला पानी

Posted by Hello Mandsaur.Com on Tuesday, August 13, 2019

 

मंदसौर में बारिश : मल्हारगढ़ के 4 गांव में लगाए राहत शिविर

मल्हारगढ़ क्षेत्र में भारी वर्षा होने की वजह से 4 गांव बादरी, काचरिया चन्द्रावत, बही, लूनाहैड़ा के लोगों को रेस्क्यू टीम के द्वारा बाहर निकाला गया है। इन चारों गांव में राहत शिविर कैंप लगाए गए हैं। यह शिविर कैंप स्कूल एवं सरकारी भवनों में लगाए गए हैं। इन शिविरों में 700 से 800 लोग ठहरे हुए हैं। सभी को खाद्य सामग्री, पहनने के लिए वस्त्र एवं आधारभूत सुविधाएं प्रशासन द्वारा मुहैया कराई जा रही हैं। अब किसी भी गांव में कोई फंसा हुआ नहीं है, सभी लोग सुरक्षित हैं। किसी प्रकार की जनहानि की कोई सूचना नहीं है। काचरिया चंद्रावत में 15 लोगों को रेस्क्यू टीम के द्वारा निकाला जा रहा है।

 

About The Author

I am Brajesh Arya

Related posts