Breaking News

विद्युत विभाग की लापरवाही से किसानों की खरी कमाई हो रही राख

इन दिनों किसानों की गाड़ी कमाई पर विद्युत विभाग की लापरवाही की नजर लग गई है। जिसके चलते किसानों के खेत में खड़ी और काटी गई फसल राख में तब्दील हो रही है। यह हम नहीं यह विगत 10 दिन के आंकड़े बंया कर रहे है। 10 दिनों में करीब 25 किसानों के खेतों में आग लगी है। ज्यादातर में आग लगने का मुख्य कारण विद्युत तार या ट्रांसफार्मर में शार्ट सर्किट होना सामने आया है। इस आग में करीब 45 से 60 बीघा के गेंहू जलकर खाक हो गए है।
किसान गेंहू निकालने की तैयारी में
ग्रामीण क्षेत्र में ज्यादातर किसानों की रबी कि फसल गेंहू सहित अन्य फ सल पक गई है और किसान उन्हें खेत में काटकर ढेर लगा रहे है। खेतों में आग लगने का मुख्य कारण यह है कि बिजली विभाग द्वारा खेतों के बिचो-बीच विद्युत तार निकाल रखे है और खंभे भी लगा रखे है। वे तार धीरे-धीरे कर झुक गए है। तेज हवा के कारण तार आपस में टकरा जाते है ओर फाल्ट हो जाता है। जिससे चिंगारी निकलती है। और वह सूखी फसल में गिरकर आग का रूप ले लेती है।
विद्युत विभाग ने नहीं दिया ध्यान
बांसखेड़ी के किसान पर्वत सिंह के खेत में शार्ट सॢकट से 19 मार्च को आग लग गई थी। आग के कारण तीन बीघा के गेंहू जलकर खाक हो गए थे। किसान पर्वतसिंह ने बताया कि मैंने कई बार लाइनमेंन को तार झूके होने को लेकर शिकायत की। लेकिन हर बार अगली बार करवा देगें का कहकर लाइनमैन चला जाता। इस और ध्यान नहीं दिया। और खामियाजना मुझे भुगतना पड़ा। समय रहते तार सही करवा देते तो आग नहीं लगती।
हाथ से पकड़ लो तार को
गुरुवार को बादपुर निवासी प्रहलाद के खेत पर शार्ट सर्किट से आग लग गई। जिससे फसल जलकर खाक हो गई। प्रहलाद सिंह ने बताया कि अचानक हवा के चलते बिजली के झुलते तार आपस में टकराए और फल्ट हो गया। जिसके चलते अंगारे निकले और आग लग गई। जिससे गेंहू की फसल जलकर खाक हो गई। हमारे खेतों की और बिजली के तार बहुत अधिक नीचे है। तारों को कोई भी हाथ से पकड ले। हमने कई बार लाईनमेन को कहा तो वो केवल आज कल में करवाने की बात कहक र चला जाता है।
संबंधितो को इस संबंध में निर्देश दिए जाकर जहां भी विद्युत लाइनें झूल रही है, उन्हें सुधारा जाएगा। शहर में भी विद्युत लाइनों का संधारण कार्य कराया जाएगा। – धर्मेंद्र पाटीदार, अधीक्षण यंत्री, बिजली कंपनी

About The Author

I am Brajesh Arya

Related posts